सक्ती : फर्जी आबकारी पुलिस बनकर ग्रामीण से वसूली करने वाले 4 आरोपी गिरफ्तार – न्यायिक रिमांड पर भेजे गएदो मोटरसाइकिल, तीन मोबाइल और पुलिस की नकली वर्दी जब्त

थाना सक्ती, जिला सक्ती (छत्तीसगढ़) पुलिस ने फर्जी आबकारी पुलिस बनकर गांव में दबिश देने और ग्रामीणों से जबरन पैसे वसूलने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस ने उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त 2 मोटरसाइकिल, 3 मोबाइल फोन और पुलिस की खाकी वर्दी भी जब्त की है।
घटना का विवरण
प्रार्थी गणपत लाल लहरे, निवासी ग्राम परसदा खुर्द ने 23 नवंबर 2025 को थाना सक्ती में रिपोर्ट दर्ज कराई। उसने बताया कि उसकी बहन अमरिका बाई ने फोन कर सूचना दी कि 5 लोग उनके घर में घुसकर फर्जी आबकारी पुलिस बनकर शराब बेचने-पिलाने का आरोप लगाकर डराने-धमकाने और जबरन पैसे वसूलने का काम कर रहे हैं।
जब परिजनों ने मौके पर पहुंचकर पूछा तो एक व्यक्ति खाकी वर्दी पहने मौके से भाग गया। एक नकली वर्दी पहने आरोपी और उसके तीन साथी पकड़ में आ गए। पूछताछ व हुलिया जांच में पूरा मामला फर्जी निकला।
पुलिस की तत्परता से गिरोह पकड़ा गया
रिपोर्ट पर अपराध क्रमांक 423/2025 धारा 308(2), 319(2), 318(4), 331(4), 204, 205,112, 351(2), 3(2) बीएनएस के तहत कार्रवाई की गई।
पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल सिंह ठाकुर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरिश यादव के निर्देशन में आरोपियों से पूछताछ की गई। आरोपियों ने अपना नाम इस प्रकार बताया—
- नरेन्द्र गोस्वामी उर्फ दाऊ (23 वर्ष) निवासी सोठी, थाना बम्हनीडीह
- अजय गोस्वामी (23 वर्ष) निवासी सोठी, थाना बम्हनीडीह
- रामनारायण धीवर (34 वर्ष) निवासी अफरीद, थाना सारागांव
- लोकेश राठौर उर्फ ओम (20 वर्ष) निवासी सारागांव
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि उनके फरार साथी ने अमरिका बाई के घर में घुसकर फर्जी आबकारी पुलिस बनकर तलाशी ली, शराब पिलाने का झूठा आरोप लगाकर जेल भेजने की धमकी दी और कुल 30,000 रुपये की मांग की, जिसमें से 3,000 रुपये लेकर फरार हो गया।
मौके से बरामदगी
- नकली पुलिस वर्दी
- 03 मोबाइल फोन
- 02 मोटरसाइकिल
सभी सामान कब्जे में लेकर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
पुलिस टीम की भूमिका
इस कार्रवाई में—
निरीक्षक लखन लाल पटेल (थाना प्रभारी सक्ती)
सउनि उपेंद्र यादव
सउनि राजेश यादव
प्रधान आरक्षक शब्बीर मेमन
आरक्षक राधेश्याम लहरे
की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
सक्ती पुलिस ने ग्रामीणों से अपील की है कि ऐसे फर्जी पुलिस वालों से सतर्क रहें और संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को दें।





